प्रधान संपादक गुलफान अहमद
काठा पीर दरगाह पर 857वें सालाना उर्स मेले का भव्य आगाज, गलत गतिविधि का वीडियो बनाने वाले को मिलेगा ₹10 हजार इनाम। जनपद हरिद्वार के लक्सर एवं पथरी क्षेत्र के जंगलों के बीच स्थित ऐतिहासिक धार्मिक स्थल काठा पीर दरगाह पर हजरत शाह मोहम्मद शाह रहमतुल्लाह अलैह के 857वें सालाना उर्स मेले का भव्य शुभारंभ हो गया है। इस अवसर पर दरगाह परिसर को आकर्षक ढंग से सजाया गया है और सुबह से ही बड़ी संख्या में जायरीन एवं श्रद्धालु दरगाह पहुंचकर बाबा की मजार पर चादरपोशी कर रहे हैं।जीएनएसडीआर (GNSDR) समाज सेवा कल्याणकारी चैरिटेबल ट्रस्ट के डायरेक्टर एवं वरिष्ठ समाजसेवी वरीस अहमद ने बताया कि काठा पीर का यह उर्स मेला सर्वधर्म समभाव और सांप्रदायिक सौहार्द की अनूठी मिसाल है। उन्होंने कहा कि यहां हिंदू, मुस्लिम, सिख और ईसाई सहित सभी धर्मों के लोग पूरी श्रद्धा और आस्था के साथ पहुंचते हैं। दरगाह परिसर में सभी धर्मों के लोगों का सम्मानपूर्वक स्वागत किया जाता है और यहां आकर आपसी भेदभाव स्वतः समाप्त हो जाता है।वरीस अहमद ने बताया कि काठा पीर बाबा के दरबार से कोई भी श्रद्धालु खाली हाथ नहीं लौटता। दूर-दराज के क्षेत्रों से लोग अपनी मन्नतें लेकर यहां पहुंचते हैं और मन्नत पूरी होने पर बाबा की मजार पर चादर चढ़ाकर धन्यवाद अर्पित करते हैं। दरगाह पर मुख्य रूप से गुड़ की भेली और गुलाब के फूल का प्रसाद चढ़ाने की विशेष परंपरा है। इसके अलावा इलायची दाना, नमक और झाड़ू भी श्रद्धापूर्वक चढ़ाए जाते हैं।उर्स मेले के दौरान शांति एवं व्यवस्था बनाए रखने के लिए स्थानीय प्रशासन और मेला कमेटी द्वारा सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं भी सुनिश्चित की गई हैं, ताकि दूर-दराज से आने वाले जायरीनों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।इस दौरान जीएनएसडीआर समाज सेवा कल्याणकारी चैरिटेबल ट्रस्ट के डायरेक्टर वरीस अहमद ने एक महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए कहा कि मेले के दौरान यदि कोई व्यक्ति किसी भी प्रकार की गलत गतिविधि, असामाजिक तत्वों की हरकत या कानून व्यवस्था को प्रभावित करने वाली घटना का वीडियो बनाकर प्रशासन अथवा कमेटी को उपलब्ध कराता है, तो उसे ट्रस्ट की ओर से ₹10,000 का नकद इनाम दिया जाएगा। उन्होंने लोगों से मेले की गरिमा बनाए रखने और प्रशासन का सहयोग करने की अपील की।उर्स मेले को लेकर क्षेत्र में उत्साह का माहौल है और आने वाले दिनों में श्रद्धालुओं की संख्या में और अधिक बढ़ोतरी होने की संभावना जताई जा रही है।
